कानपुर संवाददाता [शोभित पाण्डेय]।

  • जो मिली थी शिक्षा आपसे हमें, वो शिक्षा अब रंग लाई है।
  • है नमन उस शिक्षा के मंदिर को हमारा,
    जंहा से शिक्षा हमने पाई है !!
  • लेकर मन मे कई सवाल, हम शिक्षा के द्वारे आते है !
  • मिलता है आशीष आप सभी का, जीवन हम सफल बनाते है !!
  • पकड़ाकर कलम हांथो मे हमारे, शिक्षक लिखना हमें सिखाते है !
  • देते है शिक्षा हमेशा सत्य प्रेम की,
    और उसे ही हम अपनाते है !!
  • है गुजारिश बस इतनी आपसे, सदा हम पर हाँथ बनाय रखना !
  • चले सदा सत्य की राह पर हम,
    ऐसा आशीर्वाद बनाय रखना !

शुभम की कलम से ✍️